बोधगया पर आतंकी हमले की निंदा: डॉ० उदितराज


बोधगया पर आतंकी हमले की निंदा: डॉ० उदितराज.
अनुसूचित जाति/जन जाति संगठनों का अखिल भारतीय परिसंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष, डॉ0 उदित राज ने कहा कि 7 जुलाई की प्रातःकाल में बोध गया बुद्धविहार एवं आसपास के विदेशी मिशन पर कई बम फूटे जिसकी वजह से काफी क्षति पहुंची। उसके बाद से न केवल देशी पर्यटक और यहां के बौद्ध भिक्षु भयभीत हैं बल्कि जितने विदेशी मिशन हैं, उन पर भी भारी आतंक का साया मंडरा रहा है। नवंबर, 2012, 21 जून, 2013 एवं 3 जुलाई 2013 को जब इंटलीजेंस ब्यूरो, दिल्ली पुलिस आदि एजेंसियों ने बिहार सरकार को आगाह कर दिया था कि बोधगया पर आतंकी हमले कभी भी हो सकते हैं, तो फिर बिहार की सरकार ने समय रहते उचित कदम नहीं उठाए और परिणाम सामने हैं। इसके लिए बिहार सरकार, जो सुशासन के लिए जानी जाती है, की जितनी निन्दा की जाए कम हैं। अग्रिम में जब सूचना मिल गयी थी तो हमले को रोका जाना मुश्किल नही था।

डॉ0 उदित राज अंतर्राष्ट्रीय स्तर के बौद्ध नेता है और उनके नेतृत्व में 4 नवंबर 2001 को लाखों लोग बौद्ध बने थे, जिसको न केवल भारत में जाना जाता है बल्कि दुनिया के कोने-कोने में। उन्होंने दुख जताया कि राजनीतिक लाभ के लिए लोग सरकारी एजेंसियों की अग्रिम सूचना पर भी संदेह कर रहे हैं, जो देश के लिए ठीक नहीं है। मानाकि एजेंसियां हमेशा सही नहीं होती लेकिन जब पूर्व में किसी घटना की सूचना दी गयी तो उस पर विश्वास करना ही पड़ेगा। न विश्वास करना या हल्के में लेने का मतलब कि भारी कीमत चुकाना और यही बोधगया के मामले में हुआ है। आज (08-07-2013) टी-22 अतुल ग्रोव रोड, नई दिल्ली-110001 पर बौद्ध समुदाय की एक आवश्यक बैठक हुई, जिसमें इस घृणित कृत्य की घोर निंदा करते हुए मांग की गयी कि जल्द से जल्द दोषियों को पकड़कर उचित सजा दी जाए। यह भी मांग की गयी कि बोध गया की सुरक्षा फौरन सीआईएसएफ को सुपुर्द की जाए। यह न केवल बौद्ध धर्म पर हमला है बल्कि बिहार में आ रहे पर्यटकों को हतोत्साहित करने का काम किया गया और उसका असर बिहार की अर्थव्यवस्था पर भी पड़ेगा।

डॉ0 उदित राज लॉर्ड बुद्धा क्लब एवं बुद्धा एजुकेशन फाउंडेशन के भी राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। उन्होंने कहा कि बोधगया में कानून-व्यवस्था की बहुत ही हालत खराब है। आए दिन पर्यटकों के साथ मारपीट और लूट-पाट होती ही रहती है और विदेशी मिशन पर हमला, चोरी और डाका भी पड़ता है। वहां पर रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है, जिसकी वजह से न केवल आतंकी वारदात को अंजाम आसानी से दिया जा सकता है बल्कि और भी दुर्घटना हो सकती है। यदि रोशनी की समुचित व्यवस्था होती तो शायद 7 जुलाई की घटना को टाला जा सकता था। वहां का रखरखाव बिल्कुल उचित नहीं है।

udit raj

 

Dr Udit Raj and Dr. Indira Athawale and hundreds of Bauddha followers took out protest march for liberation of “Bodhi Temple at Gaya”

 

 

Indian Justice Party president Udit Raj today flayed Bihar Chief Minister Nitish Kumar for his alleged inaction to hand over management of the world-famous Mahabodhi temple at Bodh Gaya, and threatened to would launch a nationwide agitation on the issue. “The chief minister also acted on the lines of his predecessors Lalu Prasad Yadav and Rabri Devi to protect the Hindu majority in the Mahabodhi temple management committee despite protests by the Buddhists for giving them its control”, Raj said. Raj alleged that the development and expansion plans of the Mahabodhi temple had suffered as the majority Hindu members of the management committee did not take interest. He urged the state government to amend the legislation enacted in 1949 to grant majority membership to the Buddhists in the Mahabodhi temple management so that they could carry out its development and expansion plans with aid and investment from the Buddhist countries. The IJP president threatened to launch a nationwide agitation if the Buddhists did not get control of the Mahabodhi temple management committee….Bauddh Priya Raj

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s