हमारे “आदर्श” सम्राट अशोक महान होने चाहिए


ashoka the greatहमारे “आदर्श” बदलते है तो, हमारे “विचार” बदलते है ।

“विचार” बदलते है तो, “सोचने का तरीका” बदल जाता है ।

“सोचने का तरीका” बदल जाता है तो, हमारी “मानसिकता” बदल जाती है ।

“मानसिकता” बदलती है तो, हमारे “तर्क” बदल जाते है ।

हमारे “तर्क” बदलते है तो, हम “सवाल जवाब” करते है ।

हम “सवाल जवाब” करते है तो, हमारे बिच “चर्चा” ए होती है ।

हमारे बिच “चर्चा” होती है तो, हमे “सही और गलत” का “ज्ञान” होता है ।

“सही और गलत” का “ज्ञान” हो जाए तो, हम आपने “हकधिकार” पाने
के लिए “विद्रोह” करते है ।

हम आपने “हकधिकार” मिलने के लिए “विद्रोह” करते है तो, हम मे “त्याग”, “समर्पण”, “बलिदान” करने का “जज्बा” निर्माण हो जाता है ।

“त्याग”, “समर्पण”, “बलिदान” करने का “जज्बा” निर्माण हो जाता है तो, हमे कोई “पराजित” नही कर सकता ।
बहुजन आदर्शों में सम्राट अशोक को हमेशा याद रखे और ये भी याद रखे| किस तरह उन्होंने बौद्ध स्वराज स्थापित किया ये हमारे लिए प्रेरणा का विषय होना ही चाहिए|

हमारे “आदर्श”  सम्राट अशोक महान होने चाहिए | सामाजिक क्रांति के बिना राजनैतिक क्रांति बेकार है और राजनैतिक क्रांति के बिना सामाजिक क्रांति बेकार हैं| इन दोनों को साथ साथ ही चलना है जैसे सामाजिक क्रांति आरएसएस और राजनैतिक क्रांति भाजपा जब दोनों साथ रहे तभी सफलता मिली|

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s