सम्राट अशोक महान भारत में ही नहीं बल्कि और भी देशों में सम्मान पूर्वक याद किये जाते हैं!…Author: Dr. Sarita Chandra


सम्राट अशोक भारत में ही नहीं बल्कि और भी देशों में सम्मान पूर्वक याद किये जाते हैं!


bahujan baudh samrat ASHOKA The Greatमहान सम्राट अशोक को भारत के राजाओं में से एक है, जिनका राज सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि कई और देशों में रहा.

इनका नामे सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि विश्व के महान सम्राट में शामिल है.

महान सम्राट अशोक ने ईरान से बर्मा तक अपना साम्राज्य फैलाया और अपने साम्राज्य के हर जगह पर अशोक स्तंभ स्थापित किया.

महान सम्राट अशोक का साम्राज्य उत्तर में हिन्दुकुश श्रेणियों से दक्षिण में गोदावरी नदी, मैसूर, कर्नाटक तक और पूर्व क्षेत्र में बंगाल से अफगानिस्तान तक फैला हुआ था.

महान सम्राट अशोक कलिंग युद्ध में हुए नरसंहार और जनता के कष्टों को देखकर दुखी हो गए. इस युद्ध ने सम्राट की अंतरात्मा को झकझोर कर रख दिया था. सम्राट ने कलिंगवासियों पर आक्रमण कर उन्हें कुचलकर दिया था. जिसमे 1,50,000 आदमी आहात हुए और लगभग 1,00,000 लोगों की मौत हो गई थी.

इस युद्ध के विनाश से सम्राट शोक से भर गए और उसके प्रायश्चित के लिए युद्ध छोड़ धर्म की शरण में जा कर बौद्ध धर्म को धारण कर लिया.

वैसे तो सम्राट शिव भक्त थे लेकिन जब शांति और मोक्ष की तलाश में निकले तो उन्हें बौद्ध धर्म ने सबसे अधिक प्रभावित किया और सम्राट उस धर्म के प्रवर्तक और प्रचारक बन गए.

बौद्ध धर्म अपनाने के बाद महान सम्राट अशोक ने इस धर्म का प्रचार सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि श्रीलंका, पश्चिम एशिया, अफगानिस्तान, यूनान और मिस्र में भी किया और कराया.

बौद्ध ग्रन्थों में भी सम्राट अशोक को बौद्ध धर्म के अनुयायी के रूप में याद किया जाता हैं और अशोक के बौद्ध धर्म का सबसे बड़ा प्रमाण उसके अभिलेख में मिलता हैं. राज्याभिषेक के लघु शिलालेख, जिसमे सम्राट अशोक ने स्वयं को ‘बुद्धशाक्य’ लिखावाया है.

सम्राट ने जीते हुए देश और प्रान्त में अशोक स्तंभ बनवाया था. उनमे से हजारों स्तंभों मध्यकाल में मुस्लिमों के द्वारा ध्वस्त करा दिए गए. .

आज भारत में सम्राट अशोक का राज चिन्ह को भारत के झंडे में अशोक चक्र के रूप में रखा गया है. अशोक स्तम्भ पर बने चारमुखी शेर का चिन्ह और सत्य मेव जयते भारत का राष्ट्रीय प्रतीक माना जाता है. भारत की सेना को देश का सबसे बड़ा सम्मान अशोक चक्र राजा अशोक के नाम से दिया जाता है. सम्राट अशोक ने अखंड भारत, जो आज की तारीख में नेपाल, बांग्लादेश, पूरा भारत, पाकिस्तान और अफगानिस्तान का सबसे बड़ा भूभाग है, यहाँ एक छत्र राज किया था.

सम्राट अशोक के शासन काल में भारत विश्व गुरु, सोने की चिड़िया, सबसे खुशहाल देश कहलाता था. इस काल को दुनिया के सारे बुद्धिजीवी व इतिहासकार भारत का स्वर्णिम काल कहते और मानते हैं.

महान सम्राट अशोक ने अपने शासन काल में बड़ी सड़के, सड़कों पर पेड़, सराये बनाए गए और पहली बार जानवरों के लिए अस्पताल खोले और जानवरों का शिकार बंद हुआ.

चीन के जिजीयांग स्टेट में आज भी अशोक स्तम्भ को सम्मान पूर्वक सम्हाल कर रखा गया है.

इसके अलावा हर देश में बौध्द प्रचारक प्रवर्तक और अनुयायी भी महान सम्राट अशोक को सम्मान देते हुए उनकी महानता का गुणगान करते है.

Author: Dr. Sarita Chandra

One thought on “सम्राट अशोक महान भारत में ही नहीं बल्कि और भी देशों में सम्मान पूर्वक याद किये जाते हैं!…Author: Dr. Sarita Chandra

  1. Great Information about Samrat Ashok.
    One more thing to be add that Samrat Ashoka has taken Dharma Diksha on Vijya Dashmi day at Sarnath. Hence Dr Babasaheb Ambedkar also embraced Buddha Dhamma on Same day with his lacs of followers at Nagpur.

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s